आगर मालवा। मध्य प्रदेश के आगर मालवा जिले के विकासखंड शिक्षा अधिकारी आगर के DDO कोड में हुए कपटपूर्ण भुगतान में मामले के एक नया मोड़ सामने आया है, इस कपटपूर्ण भुगतान के मामले में जांच हेतु वित्त विभाग भोपाल द्वारा आगर कलेक्टर प्रीति यादव को एक पत्र जारी कर जो पिछले 7 माह से विकासखंड शिक्षा अधिकारी आगर के DDO कोड में हुए कपटपूर्ण भुगतान के मामले में रुकी हुई जांच को 15 दिवस में पूर्ण करने हेतु निर्देशित किया गया है। वित्त विभाग भोपाल ने पत्र में बताया गया कि कार्यालय आयुक्त कोष एवं लेखा मध्य प्रदेश द्वारा आगर कलेक्टर को 16 अक्टूबर 2025 को पत्र जारी कर विकासखंड शिक्षा अधिकारी आगर के DDO कोड में हुए कपट पूर्ण भुगतान के मामले में जांच हेतु निर्देशित किया गया था, आयुक्त कोष एवं लेखा मध्य प्रदेश के द्वारा जांच हेतु निर्देशित करने के बाद भी आगर कलेक्टर द्वारा इस कपटपूर्ण भुगतान की जांच 7 माह तक पूरी नहीं कार्रवाई गई
दरअसल आयुक्त कोष एवं लेखा मध्य प्रदेश द्वार अक्टूबर 2025 में आगर कलेक्टर को विकासखंड शिक्षा अधिकारी आगर के DDO कोड में हुए कपटपूर्ण भुगतान के मामले में जांच हेतु पत्र भेजा गया था, जिस पत्र के संदर्भ में आगर कलेक्टर प्रीति यादव द्वारा 6 नवंबर 2025 को एक आदेश पारित कर एक जांच दल गठित किया था और जांच सात दिवस में पूर्ण करने के निर्देश दिए थे, परंतु कलेक्टर के आदेश के 07 माह गुजर जाने के बाद भी जांच कमेटी ने अभी तक वह जांच पूरी नहीं की, आयुक्त कोष एवं लेखा मध्य प्रदेश के पत्र के 07 माह बीत जाने के बाद भी जांच प्रतिवेदन आगर कलेक्टर द्वारा नहीं पहुंचाने पर मामले में वित्त विभाग भोपाल द्वारा संज्ञान लेते हुए आगर कलेक्टर को उक्त कपटपूर्ण भुगतान के मामले में शीघ्र जांच हेतु पत्र जारी कर जांच को 15 दिवस में पूर्ण करने हेतु निर्देशित किया गया।
सात दिवस में पूरी होने वाली जांच का 07 माह तक लंबित रहना कई सवाल खड़े कर रही है। क्या जांच किसी प्रभावशाली व्यक्ति के दबाव में रुकी हुई है, या फिर प्रशासनिक उदासीनता इसका कारण है? संबंधित विभाग की चुप्पी से संदेह और गहरा रहा है।
