राज कुमार – आगर मालवा। जिला मुख्यालय की टिल्लर कॉलोनी से विगत 16 मार्च 2025 को एक अपहरण की वारदात घटित हुई थी, जिसमे पिता द्वारा ही अपने डेढ़ साल के पुत्र का अपहरण कर ले गया था, जिस मामले में पुलिस द्वारा आरोपी की तलाश की जा रही थी, लेकिन अपहरण के करीब 65 दिन बाद पिता स्वयं ही अर्धनारीश्वर का रूप धारण कर अपने बेटे को साथ में लेकर न्यायालय में पेश हो गया, जो एक चर्चा का विषय बन गया जिस पिता को पुलिस दो माह में भी नहीं तलाश पाई वह स्वयं ही न्यायालय में अपने बेटे को लेकर पेश हुआ।
दरअसल आगर की टिल्लर कॉलोनी निवासी बच्चों की मां रीना बामनिया ने 16 मार्च 2025 को आगर कोतवाली थाने पहुंची थी, जहां पर उसने शिकायत दर्ज करवाई थी कि रविवार सुबह करीब 10:00 बजे उसका ढाई साल का बेटा भव्यांस उसकी मौसी रोशनी के साथ टिल्लर कॉलोनी में स्थित मंदिर के लिए निकला था, तभी मंदिर के पास एक बोलेरो गाड़ी आई जिसमें से करीब 05 बदमाश सवार थे वह सभी गाड़ी से उतरे और रोशनी के हाथों से बच्चे को छुड़ाने लगे इस दौरान रोशनी और बदमाशों के बीच झूमा झटकी भी हुई

बदमाशों में से एक व्यक्ति ने कहा कि अब तुम घर जाओ बच्चे को हम ले जा रहे हैं, और छीनकर बोलोरो गाड़ी में बिठाकर अपहरण कर ले गए, रोशनी ने बोलेरो गाड़ी का पीछा भी किया तभी बोलोरो गाड़ी बड़ोद रोड की तरफ निकल गई, बच्चों की मां ने अपहरण में बचें के पिता मनोज पर ही आरोप लगाए थे कि वह बचें का अपहरण कर ले गया है, मामले में आगर कोतवाली पुलिस ने बचें के पिता सहित अन्य आरोपियों पर अपहरण की धाराओं में प्रकरण दर्ज किया था और तलाश जारी थी।
